An open letter to my atheist friends

An open letter to my atheist friends

Image courtesy: www.izquotes.com
More people are rejecting God and Christ, not because of his invisibility in the world but because of lack of his imprints on

जीवन से साक्षात्कार

प्रसिद्ध दार्शनिक, इतिहासकार और तर्कशास्त्री, बर्ट्रांड रसैल, जो अनेक दार्शनिक ग्रथों के लेखक रहे है तथा जो अपने नास्तिक विचारों के लिए जाने जाते हैं, उन्होंने कहा है कि जब तक हम एक ईश्वर की कल्पना ना करें या उसके अस्तित्व को ना मान लें, तब तक जीवन के उद्देश्य के बारे में सोचना निरर्थक है।प्रसिद्ध दार्शनिक, इतिहासकार और तर्कशास्त्री, बर्ट्रांड रसैल, जो अनेक दार्शनिक ग्रथों के लेखक रहे है तथा जो अपने नास्तिक विचारों के लिए जाने जाते हैं, उन्होंने कहा है कि जब तक हम एक ईश्वर की कल्पना ना करें या उसके अस्तित्व को ना मान लें, तब तक जीवन के उद्देश्य के बारे में सोचना निरर्थक है।

Jeevan se Sakshatkar 5th edition

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